UKSSSC / UKPSC टेस्ट 21
📋 टेस्ट की जानकारी
- 📌 कुल प्रश्न: 30 प्रश्न (Extreme Hard)
- ⏱️ कुल समय: 25 मिनट
- ✅ प्रत्येक सही: 1 अंक
- ❌ नेगेटिव मार्किंग: -0.25
- 📝 लंबे प्रश्न: पूरा टेक्स्ट दिखेगा
🎯 आपका परिणाम
🔑 उत्तर कुंजी
मरीचिका क्या है? रेगिस्तान में पानी जैसा भ्रम क्यों दिखाई देता है?
गर्मियों में रेगिस्तान या तपती सड़क पर दूर से पानी का तालाब दिखाई देना मरीचिका कहलाता है। यह प्रकाश के अपवर्तन और कभी-कभी पूर्ण आंतरिक परावर्तन से जुड़ी एक प्रकाशीय घटना है। वास्तव में वहाँ पानी नहीं होता—हवा की अलग-अलग परतों से गुजरती प्रकाश किरणें आँखों तक इस तरह पहुँचती हैं कि जमीन पर पानी होने का भ्रम बनता है।
मरीचिका का अर्थ
मरीचिका (Mirage) एक ऐसा दृष्टिभ्रम है जिसमें दूर की वस्तु या आकाश का प्रतिबिंब जमीन पर पानी की सतह जैसा दिखाई दे सकता है।
यह घटना आमतौर पर गर्म रेगिस्तानों, पक्की सड़कों और खुले मैदानों में दिखती है, जहाँ जमीन बहुत अधिक गर्म हो जाती है।
मरीचिका कैसे बनती है?
मरीचिका बनने का मुख्य कारण जमीन के पास मौजूद हवा और उसके ऊपर की हवा के तापमान में अंतर है:
- तेज धूप से जमीन गर्म हो जाती है और उसके संपर्क में आने वाली हवा भी गर्म होती है।
- गर्म हवा अपेक्षाकृत कम घनी होती है, जबकि ऊपर की ठंडी हवा अधिक घनी रहती है।
- हवा की इन परतों में प्रकाश की गति और दिशा बदलती है। प्रकाश किरणें लगातार अपवर्तित होकर मुड़ती हैं।
- ये किरणें आँखों तक पहुँचती हैं, लेकिन मस्तिष्क उन्हें सीधी रेखा में आया हुआ मानता है।
- इस कारण आकाश या दूर की वस्तु का प्रकाश जमीन से आता हुआ प्रतीत होता है—और हमें पानी जैसा दृश्य दिखाई देता है।
क्या मरीचिका पूर्ण आंतरिक परावर्तन से बनती है?
स्कूल की सामान्य विज्ञान की पुस्तकों और बहुविकल्पीय प्रश्नों में मरीचिका को अक्सर पूर्ण आंतरिक परावर्तन से संबंधित बताया जाता है। दिए गए प्रश्न में भी यही सही विकल्प है। अधिक सटीक रूप से, सड़क या रेगिस्तान में दिखने वाली सामान्य मरीचिका मुख्यतः विभिन्न तापमान वाली हवा की परतों में प्रकाश के क्रमिक अपवर्तन से बनती है। कुछ परिस्थितियों में प्रकाश किरण का मार्ग पूर्ण आंतरिक परावर्तन जैसा भी हो सकता है।
इसलिए परीक्षा के लिए याद रखें: मरीचिका—पूर्ण आंतरिक परावर्तन; वैज्ञानिक व्याख्या में वायु-परतों द्वारा प्रकाश का अपवर्तन भी महत्वपूर्ण है।
मरीचिका कहाँ दिखाई देती है?
- रेगिस्तान में, जहाँ दिन के समय जमीन बहुत गर्म हो जाती है।
- गर्मियों में पक्की सड़क पर, जहाँ दूर सड़क पानी से भीगी हुई लग सकती है।
- खुले मैदानों में, जहाँ जमीन और ऊपर की हवा के तापमान में बड़ा अंतर हो।
परीक्षा के लिए याद रखने योग्य तथ्य
- मरीचिका को अंग्रेज़ी में Mirage कहते हैं।
- यह प्रकाशिकी (Optics) से संबंधित घटना है।
- सामान्य परीक्षा-उत्तर: पूर्ण आंतरिक परावर्तन।
- विस्तृत व्याख्या में गर्म और ठंडी वायु-परतों के कारण होने वाला प्रकाश का अपवर्तन भी शामिल है।
- मरीचिका में दिखाई देने वाला पानी वास्तविक नहीं, बल्कि दृष्टिभ्रम होता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
मरीचिका क्या है?
मरीचिका एक प्रकाशीय दृष्टिभ्रम है, जिसमें गर्म जमीन के पास प्रकाश के मुड़ने से पानी या प्रतिबिंब जैसा दृश्य दिखाई देता है।
रेगिस्तान में मरीचिका क्यों दिखाई देती है?
रेत के गर्म होने से उसके पास की हवा भी गर्म और कम घनी हो जाती है। ऊपर की अपेक्षाकृत ठंडी हवा के साथ इस अंतर के कारण प्रकाश का मार्ग बदलता है और पानी जैसा भ्रम बनता है।
मरीचिका किस सिद्धांत पर आधारित है?
प्रतियोगी परीक्षाओं में इसका सामान्य उत्तर पूर्ण आंतरिक परावर्तन है। अधिक विस्तृत वैज्ञानिक विवरण में वायु की अलग-अलग परतों में प्रकाश का अपवर्तन भी इसकी व्याख्या करता है।
निष्कर्ष: मरीचिका गर्म जमीन और हवा की परतों में प्रकाश के बदलते मार्ग से बनने वाला एक रोचक दृष्टिभ्रम है। प्रतियोगी परीक्षा में इसका पारंपरिक उत्तर पूर्ण आंतरिक परावर्तन याद रखें, साथ ही इसकी विस्तृत व्याख्या में अपवर्तन की भूमिका भी समझें।